6 लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी है
चक्रवात अर्नब बंगाल की खाड़ी से आंध्र प्रदेश के तट की ओर बढ़ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, यह 27 अक्टूबर तक तूफान का रूप ले सकता है। इसके 28 अक्टूबर की सुबह आंध्र प्रदेश के तट से टकराने की आशंका है। इस दौरान 140 किमी प्रति घंटे तक की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है। आंध्र प्रदेश में करीब 6 लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी चल रही है। तटीय जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मछुआरों को 29 अक्टूबर तक समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है। आंध्र प्रदेश, ओडिशा, तेलंगाना, छत्तीसगढ़ और पुडुचेरी में अलर्ट जारी किया गया है। ओडिशा में 60 रेस्क्यू टीमें तैनात की जाएंगी। छह जिलों में 28 और 29 अक्टूबर को स्कूल-कॉलेज बंद रहेंगे। इस तूफान के असर से मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश सहित 10 राज्यों में बारिश की भी संभावना है। तमिलनाडु में पिछले 3 दिनों से लगातार बारिश हो रही है। अरनी के नगर में पानी भर गया है, जिससे लोग अपने घरों में फंस गए हैं। कोडाइकनाल में पर्यटकों की एंट्री पर रोक लगा दी गई है। देशभर से मौसम की तस्वीरें सामने आ रही हैं। अगले 2 दिनों के मौसम का हाल जानने के लिए लोग उत्सुक हैं। मध्य प्रदेश में 17 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है, वहीं रात में ठंडक बढ़ी है। प्रदेश में मंगलवार से बारिश का दौर शुरू होने की संभावना है। पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, मैहर, सीधी, उमरिया, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी और बालाघाट में ऑरेंज अलर्ट है। वहीं, छतरपुर, कटनी, जबलपुर, मंडला, छिंदवाड़ा और सिवनी में भारी बारिश हो सकती है। बारिश की चेतावनी से पहले प्रदेश में रात के तापमान में गिरावट आई है। कटनी के करौंदी में न्यूनतम तापमान 13.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा। चक्रवात अर्नब के प्रभाव से आंध्र प्रदेश के तटवर्ती इलाकों में तेज हवाएं चलने और भारी बारिश की चेतावनी है। प्रशासन ने लोगों की सुरक्षा के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए हैं। करीब 6 लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। मौसम विभाग ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। तेज हवाओं और भारी बारिश के कारण जनजीवन प्रभावित हो सकता है। बचाव दल किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं।

