आजाद नगर में भंडारे के दौरान तेज रफ्तार बुलेट निकालने पर युवकों से हुई कहासुनी, फिर हुआ हमला
जबलपुर के रांझी थाना क्षेत्र में रविवार रात देवी जागरण और भंडारे के दौरान मामूली कहासुनी खूनी संघर्ष में बदल गई। आजाद नगर में आयोजित कार्यक्रम में तेज रफ्तार से बुलेट निकालने पर युवकों को टोका गया तो करीब 15 से 20 मिनट बाद 6 से 7 युवक लाठी-डंडे और धारदार हथियार लेकर लौट आए। इन युवकों ने वहां मौजूद लोगों पर हमला कर दिया, जिसमें दो महिलाओं समेत आठ लोग घायल हो गए। घायलों को उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस मुख्य आरोपी समीर वंशकार सहित अन्य फरार आरोपियों की तलाश कर रही है। जानकारी के अनुसार, रविवार रात आजाद नगर में दुर्गा उत्सव के समापन पर देवी जागरण और भंडारे का आयोजन किया गया था। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए थे। इसी दौरान बुलेट सवार दो युवक भीड़ के बीच से तेज रफ्तार में निकले। मौके पर मौजूद लोगों ने उन्हें समझाने की कोशिश की कि आयोजन में बच्चे और महिलाएं भी हैं, इसलिए बाइक धीमी गति से चलाएं। इस बात को लेकर दोनों युवकों की लोगों से बहस हो गई। युवकों ने बहस के बाद वहां से चले गए। आरोप है कि कुछ देर बाद, लगभग 15 मिनट बीतने के बाद, 6 से 7 युवक लाठी-डंडे और धारदार हथियार लेकर मौके पर पहुंचे। उन्होंने वहां मौजूद लोगों पर अचानक हमला कर दिया। इस अप्रत्याशित हमले से आयोजन स्थल पर भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। अफरा-तफरी के माहौल में हुए इस हमले में रवि गोटिंया, रागिनी गोटिंया, पप्पू वर्मा, अनुज कोल, पारस यादव, आदि गोटिंया, बिट्टू झारिया और मनीषा गोटिंया घायल हो गए। घायलों में से दो की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिन्हें तत्काल मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घायलों में रवि गोटिंया, रागिनी गोटिंया, पप्पू वर्मा, अनुज कोल, पारस यादव, आदि गोटिंया, बिट्टू झारिया और मनीषा गोटिंया शामिल हैं। रांझी थाना प्रभारी उमेश गोल्हानी ने बताया कि शुरुआती जांच में समीर वंशकार का नाम मुख्य आरोपी के रूप में सामने आया है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, हमलावरों ने पहले चार लोगों के साथ मारपीट की। जब दूसरे लोग उन्हें बचाने के लिए आगे आए, तो हमलावरों ने उन्हें भी निशाना बनाया। इस दौरान धारदार हथियारों से हमला किए जाने की बात भी सामने आई है। पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। थाना प्रभारी ने बताया कि हमलावर युवक फरार हैं और उनकी तलाश में टीमें जुटी हुई हैं। पुलिस ने मुख्य आरोपी समीर वंशकार की पहचान कर ली है और उसे पकड़ने के लिए दबिश दी जा रही है। अन्य आरोपियों की भी पहचान की जा रही है और जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। यह घटना दुर्गा उत्सव के समापन के मौके पर हुई, जो कि एक धार्मिक और सामाजिक आयोजन था। तेज रफ्तार बुलेट निकालने और उसके बाद हुए हिंसक हमले ने पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल पैदा कर दिया। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।

