भोपाल में विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के पालन-पोषण और देखभाल पर अभिभावक प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य ऐसे बच्चों की आवश्यकताओं को समझाना और उनके लिए बेहतर जीवन सुविधाएं प्रदान करना है। विशेषज्ञों ने बताया कि शारीरिक दिव्यांगता, मस्कुलर डिस्ट्रॉफी, सेरेब्रल पाल्सी, दृष्टिबाधिता, श्रवण बाधिता, बौद्धिक एवं विकासात्मक दिव्यांगता, डाउन सिंड्रोम और ऑटिज्म जैसी विभिन्न परिस्थितियों वाले बच्चों की आवश्यकताएं अलग-अलग हो सकती हैं। अभिभावकों को इन बच्चों की विशेष आवश्यकताओं के बारे में जागरूक करने के लिए जिला अस्पताल परिसर में डीईआईसी भवन में यह कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में ईएनटी विशेषज्ञ सुधीर आर्य ने विशेष उपस्थिति दर्ज कराई। उन्होंने अभिभावकों को बच्चों की देखभाल के लिए आवश्यक जानकारी प्रदान की। विशेषज्ञों ने अभिभावकों से कहा कि ऐसे बच्चों को उनकी क्षमता और आवश्यकता के अनुसार धैर्य, सहयोग और अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराना जरूरी है। सीआरसी भोपाल से आए विशेषज्ञों ने अभिभावकों को बच्चों की विशेष आवश्यकताओं को समझने तथा उनके बेहतर पालन-पोषण के लिए व्यावहारिक जानकारी दी। अभिभावकों को यह भी बताया गया कि बच्चों के रहन-सहन, खान-पान, साफ-सफाई, दैनिक देखभाल, व्यवहार तथा भावनात्मक आवश्यकताओं पर ध्यान देना आवश्यक है। कार्यक्रम में अभिभावकों ने विशेषज्ञों से संवाद कर अपनी समस्याओं को साझा किया। विशेष शिक्षा व्याख्याता आभा मिश्रा और विशेष शिक्षिका निम्मा वर्मा ने अभिभावकों की समस्याओं को समझा और उनके समाधान के लिए आवश्यक मार्गदर्शन दिया। अभिभावकों को यह समझाया गया कि बच्चों की उपेक्षा न करें, बल्कि उनकी क्षमताओं को पहचानकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में निरंतर सहयोग दें। इस कार्यक्रम में डीईआईसी स्टाफ ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। रामेश्वर पटेल, डीईआईसी मैनेजर नरेश राठौर, ऑडियोलॉजिस्ट संदीप पटेल, रजनीश गांगरा, प्रीति ठाकुर, शुभम राठौर, नरेंद्र और अजय ने कार्यक्रम के सफल आयोजन में सहयोग किया। विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के लिए परिवार का सहयोग और सकारात्मक वातावरण महत्वपूर्ण है। यह बच्चों के विकास में सहायक होता है।
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विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के लिए अभिभावक प्रशिक्षण
वरिष्ठ विशेष प्रतिनिधि29 सितंबर 2026 को 10:59 pm बजे

विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के लिए अभिभावक प्रशिक्षण
