नवांकुर संस्थाओं की जिला स्तरीय संवाद बैठक दमोह में हुई आयोजित
मध्य प्रदेश जन अभियान परिषद, जिला दमोह द्वारा संवाद योजना के अंतर्गत नवांकुर संस्थाओं की एक जिला स्तरीय संवाद बैठक जिला शिक्षा केंद्र, सर्व शिक्षा अभियान के सभागार में सुबह 11 बजे आयोजित की गई। इस बैठक की अध्यक्षता संभागीय समन्वयक दिनेश उमरिया ने की। कार्यक्रम की शुरुआत जिला समन्वयक सुशील नामदेव द्वारा संभागीय समन्वयक दिनेश उमरिया का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत करने के साथ हुई। इसके उपरांत, उपस्थित नवांकुर संस्थाओं के प्रतिनिधियों का परिचय कराया गया और उन्हें बैठक के एजेंडे से अवगत कराया गया। बैठक के दौरान, संभागीय समन्वयक दिनेश उमरिया ने सभी नवांकुर संस्था प्रतिनिधियों से वर्षभर में किए गए उत्कृष्ट और समाजहितकारी कार्यों की विस्तृत जानकारी प्राप्त की। उन्होंने संस्थाओं द्वारा किए जा रहे सामाजिक कार्यों की समीक्षा की और समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए निरंतर प्रयास करने पर जोर दिया। यह बैठक नवांकुर संस्थाओं के कार्यों की समीक्षा और उनके महत्व को रेखांकित करने के उद्देश्य से आयोजित की गई थी। इसी क्रम में, मध्य प्रदेश जन अभियान परिषद के राज्य कार्यालय, भोपाल से सागर संभाग के प्रभारी सैयद शाकिर अली जाफरी वर्चुअल माध्यम से बैठक में जुड़े। उन्होंने नवांकुर संस्थाओं के प्रतिनिधियों से योजना के अंतर्गत किए गए कार्यों की जानकारी प्राप्त की। जाफरी ने ग्रामों में सामुदायिक सहभागिता बढ़ाने के लिए जल संचय अभियान और स्वच्छता संबंधी गतिविधियों को प्रभावी ढंग से संचालित करने का आह्वान किया। जिला समन्वयक सुशील नामदेव जी ने संस्थाओं को वार्षिक और त्रैमासिक प्रतिवेदन तैयार करने के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने संस्था की ऑडिट रिपोर्ट, धारा 27 और 28 से संबंधित दस्तावेजों, नर्सरी में तैयार किए गए पौधों की जानकारी, तथा प्रस्फुटन समितियों के शक्ति संचय अभियान के अंतर्गत आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रमों और त्रैमासिक प्रशिक्षण की रिपोर्टिंग के बारे में विस्तार से बताया। नामदेव ने प्रस्फुटन समितियों की नियमित बैठकों के आयोजन, विभिन्न गतिविधियों के संचालन, तथा संबंधित अभिलेखों के सुव्यवस्थित संधारण की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने संस्थाओं के लिए यह स्पष्ट किया कि इन प्रक्रियाओं का पालन करना उनके कार्यों की प्रभावशीलता और पारदर्शिता के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। भोजनावकाश के पश्चात, बैठक के दूसरे सत्र में प्रस्फुटन समितियों के सक्रियकरण और सुदृढ़ीकरण पर गहन चर्चा की गई। जिला समन्वयक सुशील नामदेव ने नवांकुर संस्थाओं के प्रतिनिधियों से कहा कि वे प्रस्फुटन समितियों के सभी पदाधिकारियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करें। साथ ही, समितियों को ग्राम विकास और सामाजिक गतिविधियों में प्रभावी भूमिका निभाने के लिए प्रेरित करें। संभागीय समन्वयक दिनेश उमरिया ने अपने मार्गदर्शन में कहा कि प्रस्फुटन समितियों को अपने कार्य पूरी पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ करने चाहिए। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि संस्थाओं द्वारा आयोजित की जाने वाली गतिविधियों की एमआईएस पोर्टल पर नियमित रूप से प्रविष्टि की जानी चाहिए। उमरिया ने आगे कहा कि प्रस्फुटन समितियों के आवश्यक दस्तावेजों का व्यवस्थित संधारण अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने सभी नवांकुर संस्थाओं को प्रस्फुटन समितियों के साथ नियमित बैठकें आयोजित करने, गतिविधियों की निरंतर समीक्षा करने तथा ग्राम स्तर पर जनभागीदारी को प्रभावी ढंग से बढ़ावा देने के निर्देश दिए।
