नेपाल में बाढ़ के कारण राहत कार्यों में बाधा आई
काठमांडू में नेपाल में आई अचानक बाढ़ और उसके बाद हुए भूस्खलन ने भारी तबाही मचाई है। बाढ़ के कारण कई इलाके अब भी बाकी देश से कटे हुए हैं। प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में स्थिति पर नजर रखना शुरू कर दिया है। नेपाल में बाढ़ के बाद सबसे बड़ी चुनौती लापता लोगों को तलाशना और राहत सामग्री पहुंचाना है। नेपाल सरकार ने भारत, चीन, अमेरिका और ब्रिटेन समेत कई देशों की ओर से भेजी गई विदेशी बचाव टीमों की पेशकश स्वीकार नहीं की है। नेपाल सरकार का कहना है कि नेपाली सेना और पुलिस राहत एवं बचाव अभियान संभालने में सक्षम हैं। अधिकारियों के अनुसार, 2015 के भूकंप के दौरान बड़ी संख्या में विदेशी बचाव टीमों के पहुंचने से अभियान के समन्वय में मुश्किलें आई थीं। नेपाल में अब तक 1024 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 1500 से अधिक लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। लापता लोगों में करीब 472 लोग हैं, जिनकी तलाश जारी है। आपदा प्रभावित इलाकों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए नेपाली सेना ने आपरेशन शुरू किया है। बचाव दल प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के साथ- साथ क्षतिग्रस्त सड़कों और पुलों का जायजा ले रहे हैं।
