उज्जैन में बनेगी अत्याधुनिक रिसर्च लाइब्रेरी, बनेगा श्रीकृष्ण पर केंद्रित डिजिटल प्लेटफॉर्म
मुख्यमंत्री डॉ. यादव भगवान श्रीकृष्ण पर केंद्रित डिजिटल प्लेटफॉर्म और अत्याधुनिक रिसर्च लाइब्रेरी स्थापित करने की योजना पर काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि दुर्लभ पांडुलिपियों और शोध पत्रों के लिए उज्जैन में एक रिसर्च लाइब्रेरी बनाई जाएगी। इसके अलावा, भगवान श्रीकृष्ण पर शोध वृत्तचित्र, नाट्य और संगीत श्रृंखलाओं के लिए एक समर्पित यूट्यूब डिजिटल प्लेटफॉर्म भी शुरू किया जाएगा। इन पहलों को जन भागीदारी और सरकारी योजनाओं के समन्वय से एक बड़े अभियान के रूप में चलाया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जोर दिया कि भगवान श्रीकृष्ण के विचार आज भी प्रासंगिक हैं और जीवन प्रबंधन से लेकर अर्थव्यवस्था तक, हर क्षेत्र में मार्गदर्शन करते हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि प्रदेश में श्रीकृष्ण से जुड़े उन सभी स्थानों को तीर्थ के रूप में विकसित किया जाए जहां उन्होंने शिक्षा ग्रहण की या यात्राएं कीं। इसके साथ ही, कृषि, गौ-संवर्धन और अन्य विद्याओं पर केंद्रित विचार-विमर्श और संगोष्ठियों का आयोजन राष्ट्रीय और प्रादेशिक स्तर पर किया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सोमवार को श्रीकृष्ण पाथेय न्यास की कार्यसमिति की बैठक में ये निर्देश दिए। बैठक में संस्कृति राज्य मंत्री धर्मेन्द्र भावसिंह लोधी वर्चुअली शामिल हुए, जबकि मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल, अपर मुख्य सचिव नीरज मंडलोई, शिवशेखर शुक्ला, अनुपम राजन, मुख्यमंत्री के संस्कृति सलाहकार श्रीराम तिवारी और अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।
