सांसद, महापौर सहित कई अतिथि रहे उपस्थित
विजयादशमी के पावन अवसर पर सहकारिता, खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास सारंग ने भोपाल पुलिस लाइन में आयोजित शस्त्र-पूजन कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। उन्होंने विधि-विधान से शस्त्र-पूजन कर राष्ट्र की सुरक्षा और सुरक्षा बलों के शौर्य तथा समर्पण के प्रति सम्मान व्यक्त किया। यह आयोजन मुख्यमंत्री मोहन यादव की पहल पर प्रदेशभर में आयोजित शस्त्र-पूजन कार्यक्रमों की श्रृंखला का हिस्सा था, जिसका उद्देश्य भारतीय संस्कृति की सदियों पुरानी परंपरा का निर्वहन करना था। इस विशेष कार्यक्रम में सांसद आलोक शर्मा, महापौर मालती राय, विधायक भगवानदास सबनानी, भोपाल संभाग आयुक्त कर्मवीर शर्मा, पुलिस आयुक्त संजय कुमार और संयुक्त पुलिस आयुक्त शैलेन्द्र सिंह चौहान सहित कई गणमान्य अतिथिगण मौजूद रहे। सभी ने मिलकर सांस्कृतिक परंपरा का निर्वहन करते हुए शस्त्र-पूजन में भाग लिया और राष्ट्र की सुरक्षा में लगे जवानों के प्रति कृतज्ञता ज्ञापित की। भारतीय संस्कृति में विजयादशमी पर शस्त्र-पूजन की परंपरा का गहरा अर्थ है। यह शक्ति के विवेकपूर्ण उपयोग, निर्बलों की रक्षा तथा धर्म और न्याय की स्थापना का संदेश देती है। यह पर्व समाज और राष्ट्र की रक्षा के लिए सामर्थ्य के साथ-साथ कर्तव्यनिष्ठा, संयम और अनुशासन के महत्व को भी रेखांकित करता है। सत्य की असत्य पर विजय का प्रतीक विजयादशमी का पर्व नागरिकों को सामाजिक एकता, सद्भाव और राष्ट्रहित के प्रति समर्पण की प्रेरणा देता है। यह पर्व हमें याद दिलाता है कि हमें हमेशा न्याय और धर्म के मार्ग पर चलना चाहिए और समाज की रक्षा के लिए तत्पर रहना चाहिए। शस्त्र-पूजन को भारतीय सेना, पुलिस और सुरक्षा बलों के साहस और राष्ट्ररक्षा के संकल्प के प्रति कृतज्ञता की अभिव्यक्ति के रूप में देखा जाता है।

