भोपाल में 6 अक्टूबर को हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से 13 वर्षीय छात्र कृष्णा नायक की मौत हो गई
भोपाल के रातीबड़ थाना क्षेत्र में 6 अक्टूबर को एक 13 वर्षीय छात्र की हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई। छात्र कृष्णा नायक अपने पिता को गाड़ी की चाबी देने के प्रयास में हादसे का शिकार हुआ। घर के पास से गुजर रही हाईटेंशन लाइन में चाबी फंस गई थी, जिसे वाइपर से निकालते समय कृष्णा करंट की चपेट में आ गया। गंभीर रूप से झुलसे कृष्णा को परिजन अस्पताल ले गए, जहां गुरुवार सुबह इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। पुलिस के अनुसार, मृतक कृष्णा नायक पिता खजान सिंह नायक नीलबड़ के शिव नगर फेस-2 का रहने वाला था और सातवीं कक्षा में पढ़ता था। घटना के दिन कृष्णा ने अपने पिता से गाड़ी की चाबी मांगी थी। पिता ने चाबी नीचे फेंककर देने का प्रयास किया, लेकिन चाबी घर के पास से गुजर रही हाईटेंशन लाइन के तारों में अटक गई। पिता की चाबी निकालने की कोशिश नाकाम रहने पर कृष्णा ने खुद ही वाइपर का सहारा लिया। जैसे ही उसने चाबी निकालने के लिए वाइपर को तार के पास ले जाने की कोशिश की, वह हाईटेंशन लाइन के संपर्क में आ गया और भीषण करंट लगने से बुरी तरह झुलस गया। हादसे के तुरंत बाद परिवार वाले कृष्णा को तत्काल अस्पताल लेकर पहुंचे। डॉक्टरों ने उसकी हालत गंभीर देखते हुए इलाज शुरू कर दिया, लेकिन उसकी नाजुक स्थिति को देखते हुए जान बचाना संभव नहीं हो सका। गुरुवार सुबह इलाज के दौरान छात्र ने दम तोड़ दिया। इस दर्दनाक घटना के बाद से परिवार में मातम का माहौल है। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। परिवार की मौजूदगी में गुरुवार दोपहर छात्र के शव का पोस्टमॉर्टम कराया गया। डॉक्टरों के अथक प्रयासों के बावजूद कृष्णा को बचाया नहीं जा सका। उसकी मौत ने परिवार को गहरा सदमा पहुंचाया है। यह घटना एक बार फिर खुले में लगे हाईटेंशन तारों की लापरवाही और सुरक्षा उपायों की कमी को उजागर करती है। बच्चों की सुरक्षा को लेकर ऐसे हादसों से सबक लेने की जरूरत है। पुलिस ने प्रारंभिक जांच में पाया कि चाबी निकालने के दौरान छात्र ने लापरवाही बरती, लेकिन घर के पास से गुजर रही हाईटेंशन लाइन भी हादसे का एक प्रमुख कारण बनी। इस मामले में बिजली विभाग की ओर से भी सुरक्षा मानकों की जांच की जा सकती है। स्थानीय लोगों ने भी ऐसे तारों को हटाने की मांग उठाई है। यह हादसा कृष्णा के परिवार के लिए एक असहनीय क्षति है। उसके पिता खजान सिंह नायक का रो-रोकर बुरा हाल है। उनका कहना है कि उन्होंने कृष्णा को चाबी फेंककर देने की कोशिश की थी, लेकिन वह तार में अटक गई। उन्होंने कभी सोचा भी नहीं था कि उनकी एक छोटी सी लापरवाही उनके बेटे की जान ले लेगी। सातवीं कक्षा के छात्र कृष्णा की मौत ने पूरे मोहल्ले को झकझोर दिया है।
